बेवफा (Bewafa)
ग़ैरों को अब गले लगाओ, जाओ तुमको छोड़ दिया। सबको मेरे ऐब गिनाओ, जाओ तुमको…
ग़ैरों को अब गले लगाओ, जाओ तुमको छोड़ दिया। सबको मेरे ऐब गिनाओ, जाओ तुमको…
सपनों की नगरी अब श्मशान हो गई इंसानियत की पहचान भी अनजान हो गयी महँगाई…
केवल दो गीत लिखे मैंने इक गीत तुम्हारे मिलने का इक गीत तुम्हारे खोने का।…
किसी के वादों पे हो निसार, किसी का सच दबा दे बार-बार, किसी के हिस्से…
भूख से तड़पते बचपन पर, कैसा यह उपकार है? पत्थर की उन मूर्तों पर, क्यूँ…
उत्तर प्रदेश का मस्तक, ‘सोनभद्र (Sonbhadra)’ जिसका नाम, कैमूर की पर्वत मालाएँ और ऋषियों का…