बस यादें रह जाती हैं दिल की सूनी सी गलियों में…
बस यादें रह जाती हैं दिल की सूनी सी गलियों में, जन्मों तक रिश्तों के…
बस यादें रह जाती हैं दिल की सूनी सी गलियों में, जन्मों तक रिश्तों के…
आरज़ू, रस्म अदायगी के रिश्तों की नहीं हमे, चाहत है तो बस यही की दिल…
तरह – तरह के रंग हैं तरह – तरह की बातें, बूंद – बूंद का…
भाषा होती राष्ट्र की पहचान । …
काव्य समर्पित कर रहा, इस शिक्षक दिवस विशेष l गुरु ज्ञान की छांव तले, यह…
सुबह कोरोना, शाम कोरोना, हो गया है भगवान कोरोना। काम – धाम सब बन्द हो…
सिर पे जो तेरा हाथ हो निराली फिर तो हर बात हो तेरे जटाओं की…